जन अधिकार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व सांसद पप्पू यादव को पटना में आज गिरफ्तार कर लिया गया है। खुद पप्पू यादव ने इस बात की ट्वीट कर जानकारी दी। उन्होंने सबसे पहले ट्वीट कर कहा कि मुझे गिरफ्तार कर पटना के गांधी मैदान थाना ले आया गया है। इसके बाद उन्होंने एक और ट्वीट में कहा कि लॉकडाउन उल्लंघन के नाम पर गिरफ्तारी, सरकार ने खुद मार ली है अपने पांव पर कुल्हाड़ी , जाग गई जनता तो मोदी-नीतीश यह आपको पड़ेगी भारी। इसके अलावा पप्पू यादव ने एक और ट्वीट में कहा कि कोरोना काल में जिंदगियां बचाने के लिए अपनी जान हथेली पर रख जूझना अपराध है, तो हां मैं अपराधी हूं। PM साहब, CM साहब, दे दो फांसी, या, भेज दो जेल, झुकूंगा नहीं, रुकूंगा नहीं। लोगों को बचाऊंगा। बेईमानों को बेनकाब करता रहूंगा!
दूसरी ओर पटना के आईजी ने बताया कि पप्पू यादव को पहले भी आग्रह और आगाह किया जाता रहा है। लेकिन वह हर बार नियमों को नहीं तोड़ने का भरोसा देते हैं। लेकिन फिर गाइडलाइन तोड़ कर निकल जाते हैं। आपको बता दें कि पप्पू यादव लॉकडाउन के दौरान पूरे बिहार में घूम रहे हैं और इसके लिए उनके पास कोई अनुमति भी नहीं रह रही है। पुलिस की ओर से उन्हें बार-बार लॉकडाउन के नियमों का पालन करने के लिए कहा जा रहा है। इसके अलावा पप्पू यादव के खिलाफ बिहार के छपरा के अमनौर में भी एक एफआईआर दर्ज करवाया गया है।कोरोना काल में जिंदगियां बचाने के लिए अपनी जान हथेली पर रख जूझना अपराध है, तो हां मैं अपराधी हूं।
— Pappu Yadav (@pappuyadavjapl) May 11, 2021
PM साहब, CM साहब
दे दो फांसी, या, भेज दो जेल
झुकूंगा नहीं, रुकूंगा नहीं।
लोगों को बचाऊंगा।
बेईमानों को बेनकाब करता रहूंगा!
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आपको बता दें कि बिहार में मधेपुरा के पूर्व सांसद और जन अधिकार पार्टी (जाप) के अध्यक्ष राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने एक स्थान पर धावा बोलकर दो दर्जन से ज्यादा एंबुलेंस बिना इस्तेमाल के रखे होने का मामला उजागर किया था। सभी एंबुलेंस की खरीदारी सारण से लोकसभा सांसद राजीव प्रताप रूडी के कोष से की गयी थी। एंबुलेंस पर रूडी का नाम लिखा था और संसद सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (एमपीलैड) के कोष से इसकी खरीदारी हुई थी। अपने समर्थकों के साथ पप्पू यादव शुक्रवार को अचानक उस जगह पहुंच गए जहां कई सारी एंबुलेंस खड़ी थी और सुरक्षा कर्मियों से बहस होने के बाद वह परिसर के भीतर चले। परिसर में कई एंबुलेंस को तिरपाल से ढककर रखा गया था।
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